Monday, 26 May 2014

Jindagi


एक हसती खेलती ज़िन्दगी  खत्म हो जाती हे बस यु ही 
चलती धड़कती सांसे थम जाती हे बस यु ही 
यादो का अम्बार हे रहता पर 
बातें थम जाती हे बस यु ही 

एक हसती  खेलती जिंदगी गुम हो  जाती हे बस यु ही 
जुडी हुई सब जिंदगिया  रोती  रह जाती हे बस यु ही 
हसी किसी की ख़ुशी किसी की पल भर में छीन जाती हे 
और सांसे थम जाती हे बस यु ही

यही जिंदगी कही खिलेगी फूल बनकर
यही जिंदगी कही महकेगी खुशबू बन कर
यही जिंदगी ऊर्जा बनकर बहेगी कभी
और यही जिनदगी खुशिया बटेगी बस यु ही 

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